रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने संकेत दिया है कि प्रदेश में सरकारी ट्रैक्टरों में पेट्रोल-डीजल की दुकानों पर कम करने के लिए सरकार नामांकित से विचार कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ऊर्जा बचत और सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार अमल में दिए गए सुझाव लेकर आए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस संबंध में जल्द ही कोई ठोस निर्णय लिया जा सकता है.
सार्वजनिक परिवहन और कारपूलिंग पर ज़ोर
दरअसल, प्रधानमंत्री मोदी ने हाल ही में वैश्विक ऊर्जा संकट और खाद्यान्न संकट के खुलासे को लेकर देशवासियों से अपील की थी कि जहां तक संभव हो निजी परिवहन के बजाय सार्वजनिक परिवहन का इस्तेमाल किया जाए। उन्होंने मेट्रो शहरों में लोगों से मेट्रो सेवाओं को प्राथमिकता दी और कारपूलिंग की बात कही, ताकि जीवन की सुगमता कम हो सके। इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने भविष्य में ईवी को बढ़ावा देने के लिए इलेक्ट्रिकल असेंबलियों के उपयोग पर जोर दिया।
वर्कशॉप होम विदेश और दस्तावेज़ पर सलाह
प्रधानमंत्री ने कोरोना काल के दौरान अपनाए गए शोरूम होम मॉडल का भी ज़िक्र किया। उन्होंने कहा कि जरूरतमंदों को ऑनलाइन मीटिंग और वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग की सुविधा दी जानी चाहिए, ताकि किसानों की यात्रा को कम किया जा सके और विदेशी मुद्रा की बचत हो सके। उन्होंने गैर-जरूरी विदेश रेखाचित्र को कुछ समय के लिए टालने की सलाह भी दी। साथ ही कार्टून में जारी की गई और स्केल पर बढ़ती लागत को लेकर चिंता जताई गई मध्यम वर्ग से संयम की अपील की।
भारत में ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा आगे बढ़ रही है
अपने सिद्धांत में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत ऊर्जा क्षेत्र में तेजी से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने सौर ऊर्जा, पेट्रोल में एथनॉल मिक्स और सीएनजी के बढ़ते उपयोग का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार अब गैस पाइपलाइन नेटवर्क को मजबूत करने पर भी तेजी से काम कर रही है। प्रधानमंत्री ने दावा किया कि भारत स्थिर वैश्विक ऊर्जा फिल्म का प्रदर्शन करते हुए विकास की राह लगातार आगे बढ़ रही है।





