गरियाबंद के कनसिंधी गांव में पति की मौत के बाद उनके नाम से बैंक खाता खोलने और लेन-देन का आरोप लगा है। पत्नी ने 75 लाख के बीमा सहित बैंक रिकॉर्ड और संपत्ति की जांच की मांग की है।
गरियाबंद। जिले के कनसिंधी गांव में एक व्यक्ति की मृत्यु के बाद उसके नाम से बैंक खाता खोले जाने और उसमें लेन-देन किए जाने का आरोप सामने आया है। स्वर्गीय नारद दास वैष्णव की पत्नी शिव कुमारी वैष्णव ने इस संबंध में 2 नवंबर 2026 को कुरा थाना प्रभारी को लिखित आवेदन सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
आवेदन के मुताबिक, नारद दास वैष्णव की मृत्यु 16 नवंबर 2023 को उनके घर पर हुई थी। इसके बावजूद 22 नवंबर 2023 को ग्रामीण बैंक कनसिंधी में उनके नाम से खाता खोले जाने की जानकारी सामने आई है। आवेदिका ने मृत्यु प्रमाण-पत्र में दर्ज तारीख और अन्य विवरणों में भी विसंगतियां होने की बात कही है। उन्होंने बैंक खाता खोलने की प्रक्रिया, दस्तावेजों और खाते से हुए जमा-निकासी व अन्य लेन-देन की जांच कराने का अनुरोध किया है।
कई लोगों की भूमिका की जांच की मांग
शिव कुमारी वैष्णव ने अपने आवेदन में मोनू दास वैष्णव, घनश्याम चंद्राकर, मधु चंद्राकर और पूर्व ग्राम पंचायत सचिव प्रवीण साहू सहित कुछ अन्य लोगों की भूमिका की जांच कराने की मांग की है। उन्होंने कुरा निवासी समद खाना की भूमिका और इस प्रकरण से कथित संबंध की भी जांच करने का अनुरोध किया है। आवेदिका का कहना है कि इसी तरह की घटनाओं से अन्य लोग भी प्रभावित हो सकते हैं। इसलिए ऐसे सभी संभावित मामलों की पहचान कर संबंधित बैंक खातों और दस्तावेजों की जांच की जानी चाहिए।
अंगूठे के निशान और बैंक दस्तावेजों के इस्तेमाल पर भी संदेह
आवेदन में शिव कुमारी ने आरोप लगाया है कि बैलेंस चेक करने और विधवा पेंशन दिलाने के नाम पर उनसे कई बार बैंक संबंधी दस्तावेज लिए गए तथा अंगूठे के निशान भी लिए गए। उन्होंने अपने आधार कार्ड से जुड़े बैंक खातों की जांच कराने की मांग की है। इसके अलावा, उन्होंने अपने पति के नाम पर मृत्यु के बाद एलआईसी या अन्य बीमा पॉलिसी कराकर रकम निकालने की आशंका जताई है। आवेदन में ऑडियो रिकॉर्डिंग में करीब 75 लाख रुपये का उल्लेख सुनाई देने की बात भी कही गई है। आवेदिका ने संबंधित बीमा दस्तावेजों और संभावित लेन-देन की जांच कराने का आग्रह किया है।
संपत्ति और ऑडियो रिकॉर्डिंग की जांच की मांग
शिव कुमारी ने आवेदन में संबंधित आरोपियों और उनके परिवार के सदस्यों की संपत्ति की जांच कराने की मांग भी की है। उनका आरोप है कि उनके अलावा अन्य लोगों के साथ भी धोखाधड़ी हुई है। उन्होंने अपने पास उपलब्ध दस्तावेज और ऑडियो रिकॉर्डिंग पुलिस को उपलब्ध कराने तथा जांच में सहयोग करने की बात कही है। आवेदिका ने यह भी आरोप लगाया है कि मामले को दबाए रखने के लिए उन्हें प्रलोभन दिया गया। साथ ही उन्होंने स्वयं और अपने परिवार की सुरक्षा की मांग करते हुए कहा है कि संबंधित लोग प्रभावशाली हैं, इसलिए मामले की निष्पक्ष जांच जरूरी है।
एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई करने की मांग
शिव कुमारी वैष्णव ने थाना प्रभारी से बैंक रिकॉर्ड, मृत्यु प्रमाण-पत्र जारी करने की प्रक्रिया, बीमा दस्तावेजों, संपत्ति और उपलब्ध डिजिटल साक्ष्यों की जांच कराने का अनुरोध किया है। उन्होंने जांच में आरोप सही पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर नियमानुसार कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।





