पाटन। ग्राम पंचायत पतोरा में पदस्थ पंचायत सचिव महेंद्र कुमार साहू को हटाने की मांग को लेकर पंचायत प्रतिनिधियो ने मोर्चा खोल दिया है। सरपंच व पंचो की मांग पर सचिव को हटाने के लिए प्रशासन उदासीन बना हुआ है। इससे नाराज ग्रामीणों ने शनिवार तक सचिव को हटाने की मांग की है, अन्यथा आंदोलन की चेतावनी दी है। सरपंच एवं पंचायत प्रतिनिधियों द्वारा सचिव के स्थानांतरण हेतु पूर्व में आवेदन, जांच प्रतिवेदन एवं समिति प्रक्रिया पूर्ण होने के बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। जिससे ग्रामीण प्रशासन की भूमिका को लेकर उंगली उठा रहे है। गुरुवार को पंचायत प्रतिनिधियों ने जिला पंचायत सीईओ को पुनः आवेदन देकर दो दिनों में स्थानांतरन किए जाने की मांग किया है।
विदित हो कि सचिव महेंद्र कुमार साहू द्वारा भी दो बार स्थानांतरण हेतु आवेदन प्रस्तुत किया जा चुका है, इसके बाद भी प्रशासन मौन साधे बैठा है। इससे ग्राम पंचायत की शासकीय गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं और ग्रामीणों के आवश्यक कार्य ठप पड़े हैं।पंचायत प्रतिनिधियों ने यह सवाल भी उठाया है कि क्या महेंद्र कुमार साहू के सचिव संघ के जिलाध्यक्ष होने के कारण उन्हें प्रशासनिक संरक्षण प्राप्त है? यदि ऐसा है तो यह प्रशासन की निष्पक्षता पर गंभीर प्रश्नचिन्ह है और नियम-कानून की खुलेआम अनदेखी मानी जाएगी।
ग्राम पंचायत पतोरा के सरपंच एवं पंचगणों ने कड़े शब्दों में चेतावनी दी है कि यदि आगामी दो दिवस अर्थात शनिवार तक सचिव का स्थानांतरण नहीं किया गया, तो ग्राम पंचायत के सरपंच एवं समस्त पंच सामूहिक इस्तीफा देंगे। साथ ही पंचायत कार्यालय में तालाबंदी कर उग्र आंदोलन किया जाएगा।
पंचायत प्रतिनिधियों ने स्पष्ट किया है कि आंदोलन के दौरान उत्पन्न होने वाली समस्त परिस्थितियों की जिम्मेदारी जिला पंचायत प्रशासन की होगी। पंचायत प्रतिनिधियों का कहना है कि प्रशासन की निष्क्रियता अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी और पंचायत के सम्मान व स्वायत्तता की रक्षा के लिए निर्णायक संघर्ष किया जाएगा।
स्थानांतरन की मांग करने वालों में प्रमुख रूप से सरपंच भुनेश्वर साहू,उपसरपंच देवचरण कौशल, चुम्मन साहू, मनोज साहू, डीलेश्वरी साहू,दीप्ति श्रीवास,सरस्वती साहू,एकता, जामुन ठाकुर,कामिनी,मुकेश चांदने,कमलेश्वरी साहू,नेमबाई बंदे,रूपेश कोसरे,राधा ठाकुर, दीपक साहू,माहेश्वरी कुर्रे,हेमचन्द ठाकुर,दिलेश्वरी,गोरेलाल श्रीवास, चित्रसेन कलिहारी सहित अन्य शामिल है।”





